aaj ki tithi

Aaj Ki Tithi: 21 जून 2025 का कैलेंडर: आज की तिथि…

Aaj Ki Tithi: आज की तिथि: 

आज की तिथि 21 जून 2025 (Aaj Ki Tithi) के साथ जानिए आज का पंचांग. हिन्दू कैलेंडर में मिलती है आपको (Aaj Ki Tithi) तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार की जानकारी. आपकी सुविधा के लिए इस पंचांग में आपको मिलेगी, राहु काल और दिशा शूल की पूरी जानकारी. 

Geeta Gyan: आज का सुविचार और गीता ज्ञान (Aaj ka Suvichar): 

गीता ज्ञान (Geeta Gyan) के सुविचार से होगा जीवन में महत्वपूर्ण परिवर्तन, (Geeta Gyan) ज्ञान जीवन को  स्थिर करता है. ये ज्ञान भगवान श्री कृष्ण जी द्वारा दिया गया है. इस ज्ञान से जीवन में खुशियों की बारिश होती है. 

Kutumb Prabodhan: कुटुंब प्रबोधन ज्ञान : 

कुटुम्ब प्रबोधन (Kutumb Prabodhan) से आप जानेंगे घर में प्यार बढ़ाने के उपाय. इन उपायों का पालन करने से आती है रिश्तों में मिठास. जीवन में धन के साथ परिवार के सुख का बहुत महत्व है. इसके लिए कुटुंब प्रबोधन (Kutumb Prabodhan) ज्ञान जरुरी है.

आज की तिथि (Aaj Ki Tithi):- अषाढ़ मास (कृष्ण पक्ष) दशमी 07:18 तक, बाद एकादशी. युगाब्द 5127, विक्रमी संवत् 2082 तदनुसार 21 जून 2025, दिन शनिवार.

रोज का पंचांग What’s App पर पानें के लिए अपना नाम और स्थान +91- 9911419079 पर भेजें. 

 

आज का नक्षत्र – अश्वनी 19:49 तक. 

आज का योग – अतिगण्ड 20:27 तक. 

आज का करण – विष्टि07:18 तक, बाद बव 17:54 तक.   

आज का शुभ मुहूर्त – 11:57 से 12:53 दोपहर तक. 

आज का राहुकाल – 08:54 से 10:39 सुबह तक. 

आज का दिशा शूल – पूर्व दिशा.

आज का कुटुंब प्रबोधन ज्ञान (Kutumb Prabodhan):-

अधिक नहीं, आवश्यक खरीदें।

शनि देव की कृपा से होगी, हारे हुए मुकदमे भी जीत.   

शनि चालीसा से करें दिन की शांति पूर्ण शुरुआत. 

गीता ज्ञान (Geeta Gyan) चतुर्थ अध्याय श्लोक संख्या. 41.

योगसन्नयस्तकर्माणं ज्ञानसञ्न्निसंशयम्‌ ।

आत्मवन्तं न कर्माणि निबध्नन्ति धनञ्जय ॥

व्याख्या-

हे धनंजय! जिसने कर्मयोग की विधि से समस्त कर्मों का परमात्मा में अर्पण कर दिया है और जिसने विवेक द्वारा समस्त संशयों का नाश कर दिया है, ऐसे वश में किए हुए अन्तःकरण वाले पुरुष को कर्म नहीं बाँधते॥

आज का सुविचार और गीता ज्ञान (Aaj ka Suvichar) (Geeta Gyan):-

आज गीता ज्ञान में एक बार फिर भगवान श्री कृष्ण हमें बता रहें हैं कि, जिसने अपने कर्मों को भगवान को अर्पण कर दिया है, जिसने किसी भी प्रकार के संशय का त्याग कर दिया है और जो विवेक से निर्णय लेने लगता है, फिर कर्म उसे नहीं बाँध सकते. भगवान बता रहें हैं, कि जो मनुष्य 2 विचारों के साथ काम करता है उसका काम कभी पूरा नहीं होता. इस लिए हमें पक्का निर्णय कर के ही निर्णय लेना चाहिए की हमें करना क्या है. एक विषय हम सब जानते हैं, कि 2 नाव पर सवार होने वाले अक्सर बीच मझधार डूब जाया करते हैं. इसी लिए ऐसा कहा गया है, क्योंकि शास्त्र कहता है हमें स्थिर बुद्धि होकर ही कार्य करना चाहिए. वो ही मनुष्य भगवान प्राप्ति के योग्य होता है. 

ज्योतिषाचार्य Dr. Sumit की ओर से प्रार्थना है, कि आपका दिन शुभ हो🙏🏻💐

महाकाली हैं संकट हरने वाली, हर तंत्र बाधा का होगा निवारण, करें काली चालीसा का पाठ. 

कुंडली विश्लेषण के लिए लिंक को छू कर वेबसाइट के अपॉइंटमेंट सेक्शन में जाएँ. 

अपने आराध्य देव को प्रसन्न करने के लिए, करें चालीसा पाठ. दिन के अनुसार करें या मन के अनुसार.

दुर्गा चालीसा , गणेश चालीसा, हनुमान चालीसा, संतोषी चालीसा, शिव चालीसा, सूर्य चालीसा, शनि चालीसा, विष्णु चालीसा, गायत्री चालीसा, काली चालीसा, शारदा चालीसा, खाटू श्याम चालीसा, श्री राम चालीसा, श्री महालक्ष्मी चालीसा, बगलामुखी चालीसा, श्री गौरी चालीसा, वैष्णों चालीसा, भैरव चालीसा, श्री ललिता चालीसा, सरस्वती चालीसा, श्री परशुराम चालीसा.