Aaj ki Tithi: आज 17 मार्च 2025 का पंचांग, गीता ज्ञान और आज का सुविचार..

आज 17 मार्च 2025 का पञ्चांग, श्रीमद्भगवद्गीता जी के श्लोक ज्ञान सहित।

आज की तिथि (Aaj Ki Tithi):- चैत्र मास (कृष्ण पक्ष) तृतीया तक, युगाब्द 5126, विक्रमी संवंत 2081 तदनुसार 17 मार्च 2025, दिन सोमवार

आज का नक्षत्र – चित्रा 14:46 तक. 

आज का योग – ध्रुव 15:43 तक. 

आज का करण – विष्टि 19:32 तक, बाद शकुनि तक.   

आज का शुभ मुहूर्त – 12:07 से 12:55 दोपहर तक. 

आज का राहुकाल – 08:01 से 09:31 सुबह तक. 

आज का दिशा शूल – पूर्व दिशा.

आज सोमवार के दिन महादेव की कृपा प्राप्त करें.

शिव चालीसा सुनने के लिए निचे दिए लिंक को छुएं. 

गीता ज्ञान (Geeta Gyan) दूसरा अध्याय श्लोक संख्या. 58.

यदा संहरते चायं कूर्मोऽङ्गनीव सर्वशः ।

इन्द्रियाणीन्द्रियार्थेभ्यस्तस्य प्रज्ञा प्रतिष्ठिता ॥

व्याख्या-

और कछुवा सब ओर से अपने अंगों को जैसे समेट लेता है, वैसे ही जब यह पुरुष इन्द्रियों के विषयों से इन्द्रियों को सब प्रकार से हटा लेता है, तब उसकी बुद्धि स्थिर है॥

आज का सुविचार- गीता ज्ञान (Aaj ka Suvichar) (Geeta Gyan):-

अगर दुनियां के विषय और उपभोग आपको अपनी और खीँच रहे हैं तो समझ लीजिए आप अभी दुनियादारी में फंसे हुए हैं, जैसे कछुआ अपनी इन्द्रियों को समेट लेता है ठीक उसी तरह हमे भी इस दुनिया में रहते हुए अपने मन को इस दुनिया के विषय और उपभोगों से बचा कर रखना है. भोग भोगना गलत नहीं है परन्तु उनमे होने वाली आसक्ति गलत है. अगर आप त्याग की भावना रखते हुए भोगों को भोगते हैं तो, आप भी स्थिर बुद्धि के लक्षणों को प्राप्त कर रहे हैं. जो मिलने पर प्रसन्न नहीं होता और ना मिलने पर निराश नहीं होता.  

आपका दिन शुभ हो🙏🏻💐

भगवान शिव के आराध्य देव श्री राम चालीसा पाठ से होते हैं शिव प्रसन्न.

लिंक को छूने से श्री राम चालीसा का पाठ करें और सुनें.

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